Rescue from incurable disease

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  • गर्मी के मोसम में खाली पेट और प्यासे होने से होता है सिरदर्द और लगती है लू!

    गर्मी के मोसम में खाली पेट और प्यासे होने से होता है सिरदर्द और लगती है लू! 
    हमारी दादी नानी कहती है की गरमी और धूप में आने जाने से पहिले कुछ खा लो पानी पीलो फिर जाओ साथ में कुछ प्याज भी रख ले जाओ। तो सिर दर्द नहीं होगा लू भी नहीं लगेगी। 
    गर्मी में विशेषकर बाहर जाने पर अक्सर सिरदर्द होने लगता है, (घर में रहने पर भी कभी कभी) ।  एसा शरीर में पानी की कमी के कारण होता है, यदि पर्याप्त पानी पीते रहें, तो तात्कालिक होने वाले सिरदर्द और लू लगने या स्ट्रोक से बचा जा सकता है।
     एक भ्रांति है, की प्याज जेब में रखने से लू नहीं लगती। जब तक प्याज को जब तक खाया न जाए तब तक लू से बचा नही जा सकता। प्याज का भी अधिकांश भाग पानी ही होता है, अत: पानी की पूर्ती के लिए अच्छा विकल्प तो है, पर श्रेष्ठ नहीं.  पानी के अतिरिक्त नारियल पानी, छाछ, ठंडाई, दही की पतली लस्सी, फलों के रस आदि सामान्य ठंडे ही सर्व श्रेष्ठ होते हें। 
     यदि उन्हें अधिक ठंडा प्रयोग किया जाए तो हानी भी उसी प्रकार हो सकती है जैसे ठंडे काँच पर गर्म या गर्म काँच पर बर्फ डालने से वह चटक जाता है। 

    खाली पेट होने पर भी पानी की कमी  या डिहाइड्रेशन  जल्दी होता है, जबकि पेट भरा होने पर अधिक देर तक रहा जा सकता है।
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