Rescue from incurable disease

Rescue from incurable disease
लाइलाज बीमारी से मुक्ति उपाय है - आयुर्वेद और पंचकर्म चिकित्सा |
  • Home
  • Contact Us
  • About Me
  • Q & A
  • Article's स्वास्थ्य लेख
  • Panchakarma(पंचकर्म)
  • Common Article
  • Specific article (विशेष लेख)
  • VIDEO
  • So many disease can cure by SNEHAN of panchakarma - What is Snehan?

     स्नेहन से हो सकते हें कई रोग अच्छे - क्या है स्नेहन? 
    Snehan, [purva karma of panchakarma] स्नेहन| 
    So many disease can cure by SNEHAN of panchakarma - What is  Snehan? 
     स्नेहन {Snehan} पंचकर्म के पूर्व किया जाना वाला कार्य है, कई रोगों में केवल स्नेहन से ही रोगी को रोग मुक्त किया जा सकता है|  
    स्नेह का अर्थ है, विशेष प्रेम, स्नेह स्निग्ध घी तैल आदि चिकनाहट को भी कहते हें| स्निग्ध (चिकना) करने की क्रिया स्नेहन कहलाती है| स्नेह जैसे शुष्क व्यवहार को नरम बनादेता है उसी प्रकार शरीर को भी स्नेहन से मृदु या नरम बनाया जाता है| जब शरीर की रुक्षता (सूखापन) शुष्कता (खुश्की) बढ़ जाती है, तब आन्तरिक खिलाकर या पिलाकर या बाहरी अभ्यंग(मालिश) आदि से इसे दूर किया जा सकता है|
    आयुर्वेद सिद्धांतों के अनुसार यह शुष्कता, रुक्षता का कारण वायु (Vata वात दोष) की वृद्धि होती है, शुष्कता से शूल (दर्द), कंडू (खुजली),आदि होने लगता है इसलिए जोढ़ों में दर्द. सर दर्द आदि को वात-विकार माना कहा जाता है, और स्नेहन इसको दूर करता है इसीलिए वात रोगों में स्नेहन श्लोक- “वाते स्नेहनम“ कहा जाता है|
    स्नेहन कार्य पंचकर्म का एक पूर्व कर्म है, इसका अर्थ है की यह प्रत्येक पंचकर्म प्रक्रिया के पूर्व किया जाने वाला आवश्यक चिकित्सा कर्म है| 

    आयु 40 पार आप स्वस्थ्य हैं शुभकामनाएं| स्वस्थ्य रहना भी है| स्वस्थ्य रहने प्रतिदिन स्नानादि जरुरी है|   व्यस्त जिन्दगी में इसी के साथ ही सप्ताह में एक बार सर्वांग अभ्यंग [ सारे शरीर पर तेल मालिश] और भाष्प स्नान यदि किया जाता रहे तो -- 1- शरीर चुस्त और दुरुस...

    Book a Appointment.

    Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...
    Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...

    स्वास्थ /रोग विषयक प्रश्न यहाँ दर्ज कर सकते हें|

    स्वास्थ है हमारा अधिकार

    हमारा लक्ष्य सामान्य जन से लेकर प्रत्येक विशिष्ट जन को समग्र स्वस्थ्य का लाभ पहुँचाना है| पंचकर्म सहित आयुर्वेद चिकित्सा, स्वास्थय हेतु लाभकारी लेख, इच्छित को स्वास्थ्य प्रशिक्षण, और स्वास्थ्य विषयक जन जागरण करना है| आयुर्वेदिक चिकित्सा – यह आयुर्वेद विज्ञानं के रूप में विश्व की पुरातन चिकित्सा पद्ध्ति है, जो ‘समग्र शरीर’ (अर्थात शरीर, मन और आत्मा) को स्वस्थ्य करती है|

    चिकित्सक सहयोगी बने:
    - हमारे यहाँ देश भर से रोगी चिकित्सा परामर्श हेतु आते हैं,या परामर्श करते हें, सभी का उज्जैन आना अक्सर धन, समय आदि कारणों से संभव नहीं हो पाता, एसी स्थिति में आप हमारे सहयोगी बन सकते हें| यदि आप पंजीकृत आयुर्वेद स्नातक (न्यूनतम) हें! आप पंचकर्म केंद्र अथवा पंचकर्म और आयुर्वेदिक चिकित्सा प्रक्रियाओं जैसे अर्श- क्षार सूत्र, रक्त मोक्षण, अग्निकर्म, वमन, विरेचन, बस्ती, या शिरोधारा जैसे विशिष्ट स्नेहनादी माध्यम से चिकित्सा कार्य करते हें, तो आप संपर्क कर सकते हें| 9425379102/ mail- healthforalldrvyas@gmail.com केवल परामर्श चिकित्सा कार्य करने वाले चिकित्सक सम्पर्क न करें|